NIT कुरुक्षेत्र सुसाइड केस, क्या CBI जांच से मिलेगा इंसाफ?

एनआईटी कुरुक्षेत्र में छात्रा की आत्महत्या से उठा आक्रोश, प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
हरियाणा के एनआईटी कुरुक्षेत्र परिसर में बिहार के बक्सर निवासी एक छात्रा द्वारा आत्महत्या किए जाने के बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई है। आर्टिफिशियल एंड डेटा साइंस स्ट्रीम की द्वितीय वर्ष की छात्रा ने गुरुवार दोपहर अपने हॉस्टल के कमरे में फंदा लगाकर जान दे दी। घटना के बाद से ही छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा है। छात्रों का आरोप है कि एक प्रोफेसर ने छात्रा को आत्महत्या के लिए उकसाने वाली टिप्पणी की थी, जिसके विरोध में बड़ी संख्या में छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रशासन द्वारा पुलिस बल बुलाने और हॉस्टल के गेट बंद किए जाने से छात्रों का आक्रोश और बढ़ गया।
प्रशासनिक लापरवाही और मानसिक उत्पीड़न के आरोप
छात्रों ने प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि संस्थान में पिछले कुछ महीनों में आत्महत्या की यह चौथी घटना है, लेकिन प्रशासन ने अब तक कोई ठोस सुधारात्मक कदम नहीं उठाए हैं। छात्रों के अनुसार, कुछ शिक्षक लगातार मानसिक उत्पीड़न करते हैं और अपमानजनक भाषा का प्रयोग करते हैं। इसके अलावा, घटना के समय वार्डन और मेडिकल टीम के कथित असंवेदनशील रवैये को लेकर भी आक्रोश है। छात्रों ने मांग की है कि संबंधित प्रोफेसर और स्पोर्ट्स इंचार्ज के खिलाफ तुरंत कानूनी कार्रवाई की जाए और पूरे मामले की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए सीबीआई जांच कराई जाए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और एनआईटी प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। डीएसपी राजकुमार ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। एनआईटी निदेशक ने आक्रोशित छात्रों को आश्वासन दिया है कि उनकी शिकायतों को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषी पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। फ़िलहाल, परिसर के भीतर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है और जांच प्रक्रिया जारी है।
एक नजर में
- एनआईटी कुरुक्षेत्र में द्वितीय वर्ष की छात्रा ने हॉस्टल के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या की।
- छात्रों ने एक प्रोफेसर पर मानसिक उत्पीड़न और उकसाने का आरोप लगाते हुए परिसर में भारी विरोध प्रदर्शन किया।
- छात्रों द्वारा स्पोर्ट्स इंचार्ज के निलंबन और संस्थान में हो रही लगातार आत्महत्याओं के मामले में सीबीआई जांच की मांग की जा रही है।
- एनआईटी निदेशक ने मामले की जांच और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
