पेंशनभोगियों के लिए धमाकेदार खुशखबरी! अब न्यूनतम पेंशन बढ़कर हो सकती है 7,500 रुपये

देश के करोड़ों सेवानिवृत्त और बुजुर्ग कर्मचारियों के लिए एक बहुत ही शानदार और राहत भरी खबर सामने आ रही है। जीवन भर की गाढ़ी कमाई और एंप्लॉयीज प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन (EPFO) पर आश्रित रहने वाले लाखों पेंशनभोगियों का इंतजार अब जल्द खत्म हो सकता है। कर्मचारी पेंशन योजना यानी EPS के तहत मिलने वाली न्यूनतम पेंशन राशि में भारी बढ़ोतरी को लेकर सुगबुगाहट तेज हो गई है। लगातार बढ़ती महंगाई को देखते हुए विभिन्न ट्रेड यूनियनों और कर्मचारी संगठनों द्वारा लंबे समय से यह मांग की जा रही थी कि न्यूनतम पेंशन को बढ़ाकर कम से कम 7,500 रुपये प्रति माह किया जाए। आगामी 19 नवंबर को गुजरात के गिर में आयोजित होने वाली सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज (CBT) की उच्च स्तरीय बैठक में इस प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार किए जाने की प्रबल संभावना है।
आपको बता दें कि साल 1995 में शुरू की गई इस पेंशन योजना के जरिए संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद वित्तीय सुरक्षा प्रदान की जाती है। हालांकि, साल 2014 के बाद से ईपीएस के तहत मिलने वाली न्यूनतम पेंशन राशि में कोई बदलाव नहीं हुआ है और यह आज भी मात्र 1,000 रुपये प्रति माह पर ही टिकी हुई है। आज के इस मंहगाई वाले दौर में इस मामूली रकम से घर चलाना असंभव साबित हो रहा है, जिसके चलते कर्मचारी लगातार इसे बढ़ाने की गुहार लगा रहे थे। हाल ही में EPFO द्वारा वेतन सीमा (Wage Ceiling) को 15,000 रुपये से बढ़ाकर 25,000 रुपये किए जाने के बाद से ही न्यूनतम पेंशन में भी बढ़ोतरी की उम्मीदें परवान चढ़ गई हैं। इसी साल फरवरी के महीने में केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मांडविया ने संसद में संकेत दिया था कि सरकार ईपीएफओ के नियमों और न्यूनतम पेंशन के मुद्दे पर जल्द ही कोई बड़ा और सकारात्मक फैसला ले सकती है। अब सबकी निगाहें आगामी 19 नवंबर को होने वाली सीबीटी की उस बैठक पर टिकी हैं, जहां देश के लाखों बुजुर्गों के भविष्य का फैसला हो सकता है।
