क्या 18,000 से सीधे 69,000 रुपये होगी न्यूनतम सैलरी! 8वें वेतन आयोग को लेकर सुगबुगाहट तेज

क्या 18,000 से सीधे 69,000 रुपये होगी न्यूनतम सैलरी! 8वें वेतन आयोग को लेकर सुगबुगाहट तेज

केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग के गठन और संभावित वेतन वृद्धि को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। कर्मचारी संगठनों की मांग है कि न्यूनतम मूल वेतन (बेसिक पे) को वर्तमान 18,000 रुपये से बढ़ाकर सीधे 69,000 रुपये किया जाए। हालांकि सरकार की ओर से अभी इस पर कोई आधिकारिक मुहर नहीं लगी है, लेकिन फिटमेंट फैक्टर में बदलाव की मांगों ने कर्मचारियों के बीच उत्साह बढ़ा दिया है।

फिटमेंट फैक्टर और वेतन वृद्धि का गणित

वेतन वृद्धि की पूरी प्रक्रिया फिटमेंट फैक्टर पर टिकी हुई है। वर्तमान में 7वें वेतन आयोग के तहत यह 2.57 है, जिसे बढ़ाकर 3.83 करने की पुरजोर मांग की जा रही है। अगर सरकार इस मांग को स्वीकार करती है, तो कर्मचारियों के वेतन में भारी उछाल आएगा। नियम के अनुसार, 8वें वेतन आयोग को 1 जनवरी, 2026 से प्रभावी होना चाहिए, लेकिन रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया में समय लगने के कारण इसके 2027 के मध्य तक लागू होने की संभावना जताई जा रही है।

बढ़ती महंगाई और एरियर का लाभ

इस भारी वेतन वृद्धि की मांग के पीछे मुख्य कारण पिछले एक दशक में बढ़ी महंगाई और जीवन स्तर में आया बदलाव है। शिक्षा, स्वास्थ्य और आवास के खर्चों में हुई बढ़ोत्तरी को देखते हुए संगठन नए वेतन ढांचे पर जोर दे रहे हैं। चूंकि यह आयोग जनवरी 2026 से देय होगा, इसलिए देरी से लागू होने की स्थिति में कर्मचारियों को पिछले समय का पूरा पैसा एकमुश्त ‘एरियर’ के रूप में मिल सकता है, जो उनके लिए एक बड़े वित्तीय बोनस जैसा होगा।

पेंशनभोगियों पर असर

नए आयोग का प्रभाव केवल कार्यरत कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पेंशनभोगियों के लिए भी बड़े बदलाव के संकेत हैं। इसमें अंतिम वेतन का 67 प्रतिशत हिस्सा पूर्ण पेंशन के रूप में देने और पुरानी पेंशन योजना (OPS) को बहाल करने जैसे प्रस्ताव शामिल हैं। यदि ये बदलाव अमल में आते हैं, तो 2027 केंद्रीय कर्मचारियों और सेवानिवृत्त लोगों के लिए आर्थिक रूप से एक बड़ा परिवर्तनकारी वर्ष साबित हो सकता है।

एक झलक में

  • न्यूनतम मूल वेतन को 18,000 से बढ़ाकर 69,000 रुपये करने की मांग की जा रही है।
  • फिटमेंट फैक्टर को 2.57 से बढ़ाकर 3.83 करने का प्रस्ताव है।
  • आयोग के 1 जनवरी, 2026 से प्रभावी होने की उम्मीद है, जिससे मोटा एरियर मिल सकता है।
  • पेंशनभोगियों के लिए भी पेंशन राशि में बढ़ोत्तरी के सुझाव दिए गए हैं।