ममता के गुंडे 23 अप्रैल को घर से बाहर निकलने की हिम्मत न करें!

ममता के गुंडे 23 अप्रैल को घर से बाहर निकलने की हिम्मत न करें!

पश्चिम बंगाल के चांदीपुर में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य की मौजूदा सरकार और कानून-व्यवस्था पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए स्पष्ट शब्दों में कहा कि राज्य में अब बदलाव का समय आ चुका है। शाह ने “टाटा, बाय-बाय” के अंदाज में दावा किया कि तृणमूल कांग्रेस का कार्यकाल अब समाप्त हो रहा है और राज्य में भारतीय जनता पार्टी की सरकार आने वाली है।

अराजक तत्वों को सख्त चेतावनी

अमित शाह ने अपने संबोधन में विशेष रूप से उन असामाजिक तत्वों को चेतावनी दी जिन्हें उन्होंने ‘ममता के गुंडे’ कहकर संबोधित किया। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि 23 अप्रैल को होने वाले मतदान के दौरान ऐसे लोग अपने घरों से बाहर निकलने की जुर्रत न करें। गृह मंत्री ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि भाजपा की सरकार बनने के बाद किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और उन्हें पाताल से भी ढूंढकर सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।

राजनीतिक बदलाव की आहट

गृह मंत्री के इस बयान को बंगाल में चुनावी हिंसा पर लगाम लगाने और मतदाताओं में आत्मविश्वास भरने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। शाह ने जोर देकर कहा कि 5 तारीख को नतीजे आने के साथ ही राज्य में कमल खिलेगा। यह बयान सीधे तौर पर बंगाल की सत्ता संरचना में बड़े फेरबदल का संकेत देता है, जिसका उद्देश्य राज्य में कथित गुंडाराज को समाप्त कर कानून का शासन स्थापित करना है।

एक झलक में

  • अमित शाह ने चांदीपुर की रैली में ममता सरकार की विदाई का दावा किया।
  • चुनाव के दौरान अराजक तत्वों को घरों के भीतर रहने की सख्त चेतावनी दी।
  • भाजपा की सरकार बनने पर अपराधियों को पाताल से ढूंढकर जेल भेजने की बात कही।
  • बंगाल चुनाव के पहले चरण के समापन पर कार्यकर्ताओं में जोश भरा।