चलती ट्रेन से दो साल की मासूम का अपहरण, बुर्का पहने महिलाओं ने वारदात को दिया अंजाम

चलती ट्रेन से दो साल की मासूम का अपहरण, बुर्का पहने महिलाओं ने वारदात को दिया अंजाम

हावड़ा-अमृतसर मेल (13005) में सफर कर रहे एक परिवार के लिए यात्रा उस समय दुस्वप्न बन गई, जब उनकी दो साल की मासूम बेटी का अपहरण कर लिया गया। धामपुर से पंजाब जा रहे नेहा और उनके पति गलती से स्लीपर कोच में चढ़ गए थे, जहां रात के समय गहरी नींद का फायदा उठाकर अपराधियों ने बच्ची को गायब कर दिया। यह घटना तब प्रकाश में आई जब जगाधरी स्टेशन के पास दंपत्ति की आंख खुली और उन्होंने बच्ची को गायब पाया।

सीसीटीवी में कैद हुई संदिग्ध महिलाएं

मामले की गंभीरता को देखते हुए जब जगाधरी रेलवे पुलिस (GRP) ने जांच शुरू की, तो यात्रियों से पूछताछ में अहम सुराग मिले। कोच में मौजूद एक यात्री ने बताया कि उसने एक महिला को बच्ची को गोद में उठाकर सहारनपुर स्टेशन पर उतरते देखा था। सूचना मिलते ही पुलिस और पीड़ित दंपत्ति सहारनपुर पहुंचे, जहां स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर दो संदिग्ध महिलाएं बुर्का पहने हुए मासूम को ले जाते हुए स्पष्ट रूप से दिखाई दीं।

पुलिस प्रशासन में मचा हड़कंप

बच्ची के अपहरण की खबर मिलते ही रेलवे पुलिस और स्थानीय प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए। प्राथमिक जांच के अनुसार, बच्ची का नाम नायरा है और अपहरणकर्ताओं ने रात करीब 12:30 बजे के बाद इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस का मानना है कि यह किसी संगठित गिरोह का काम हो सकता है जिसने ट्रेन में भीड़ और रात के अंधेरे का लाभ उठाया। फिलहाल जीआरपी और पुलिस की कई टीमें सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्धों की तलाश में जुटी हैं।

एक झलक में

  • हावड़ा-अमृतसर मेल के स्लीपर कोच से दो साल की बच्ची नायरा का अपहरण हुआ।
  • पीड़ित परिवार धामपुर से पंजाब जा रहा था, तभी सहारनपुर स्टेशन के पास वारदात हुई।
  • सीसीटीवी फुटेज में दो बुर्काधारी महिलाएं बच्ची को स्टेशन से बाहर ले जाते हुए दिखीं।
  • जगाधरी और सहारनपुर रेलवे पुलिस मामले की सघन जांच और तलाश में जुटी है।