भारत नहीं झुकेगा चीन से, रेयर अर्थ संकट पर PMO अलर्ट

नई दिल्ली: भारत अब चीन पर पूरी तरह निर्भर नहीं रहना चाहता, खासकर उस समय जब रेयर अर्थ की आपूर्ति जैसे रणनीतिक संसाधनों को लेकर संकट गहराता जा रहा है। चीन द्वारा भारत को रेयर अर्थ सामग्री की सप्लाई रोकने के बाद केंद्र सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। 18 जुलाई 2025 को प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में इस विषय पर अहम बैठक प्रस्तावित है, जिसमें उद्योगों को संकट से उबारने और चीन को करारा जवाब देने की रणनीति तय की जाएगी।

सूत्रों के अनुसार, इस उच्चस्तरीय बैठक में भारी उद्योग विभाग, वाणिज्य मंत्रालय और खनन मंत्रालय के प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। बैठक में 1,345 करोड़ रुपये की रेयर अर्थ मैग्नेट प्रोत्साहन योजना की समीक्षा के साथ वैकल्पिक सप्लाई चैन विकल्पों पर गंभीर विचार किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य केवल मौजूदा संकट से निपटना नहीं, बल्कि भविष्य में इस तरह की निर्भरता से बचने की रणनीति तैयार करना भी है।

इस बीच, इलेक्ट्रॉनिक्स और ऑटोमोबाइल उद्योगों ने चिंता जताई है कि रेयर अर्थ मैग्नेट की कमी से उत्पादन बुरी तरह प्रभावित हो सकता है। इंडस्ट्री संगठनों ने कहा है कि चीन की चालें भारत के 32 अरब डॉलर के स्मार्टफोन निर्यात लक्ष्य को खतरे में डाल रही हैं। उद्योग जगत की मांग है कि सरकार आपूर्ति श्रृंखला को स्थिर बनाए रखने के लिए त्वरित हस्तक्षेप करे, जिससे भारत की वैश्विक प्रतिस्पर्धा बनी रहे।